विशेषज्ञों की भ्रांतियाँ Illusions of pundits : सनातन बोध – 17

Illusions of pundits theory. क्या मनोवैज्ञानिक पक्षपात से परे होते हैं? क्या उनके मस्तिष्क लोगों और स्वयं के वास्तविक स्वरूप को समझ पाते हैं? अध्ययनों में इसके रोचक परिणाम मिले हैं। सनातन बोध : प्रसंस्करण, नये एवं अनुकृत सिद्धांत – 1  , 2, 3, 4 , 5 , 6, 7, 8, 9 , 10, 11,12, 13, 14 , 15 , 16…

Harivansha हरिवंश [ पुराण चर्चा – 1 : विष्णु दशावतार तथा बुद्ध – 1]

भूमिका : पुराण चर्चा                                                                                                                             Harivansha हरिवंश भारत में पुराण लेखन की बहुत प्राचीन परम्परा रही है जिसकी साखी अथर्वण संहिता1, शतपथ ब्राह्मण2, अर्थशास्त्र3 इत्यादि जैसे स्रोत हैं। पुराण शब्द का अर्थ ‘प्राचीन’ से ले कर ‘श्रुतियों अर्थात त्रयी के पूरक’ तक किया जाता रहा है। पुराणों का समग्र भारतीय जन जीवन पर बहुत प्रभाव रहा और…

INDIAN ROLER/INDIAN BLUE JAY नीलकण्ठ, चित्र सर्वाधिकार: आजाद सिंह, © Ajad Singh, सरयू नदी के पास, माझा, अयोध्या, फैज़ाबाद, उत्तर प्रदेश, May 21, 2017

नीलकण्ठ Indian Roller / Indian Blue Jay

नीलकण्ठ  Indian Roller / Indian Blue Jay आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, ओडिसा तथा कर्नाटक का राजकीय पक्षी है। यह एक मैदानी पक्षी है। यह श्येन  (बाज ) के स्वर की अनुकृति कर सकता है। INDIAN ROLER/INDIAN BLUE JAY नीलकण्ठ, चित्र सर्वाधिकार: आजाद सिंह, © Ajad Singh, सरयू नदी के पास, माझा, अयोध्या, फैज़ाबाद, उत्तर प्रदेश, 21 मई,…

आदिकाव्य रामायण से – 21 : सुंदरकाण्ड, सीता क्या नष्ट हुईं? [विनष्टा वा प्रनष्टा वा मृता वा जनकात्मजा]

मन जाने कितने अनिष्टशिखरों का आरोहण अवरोहण कर चुका था। कोई विकल्प शेष नहीं था, इतना स्पष्ट हो गया था कि जीवन बचाते हुये वहीं रहना था। मन की धुंध कुछ छँटी, स्पष्टता आई तथा कपि की दृष्टि भी स्वच्छ हुई। विशाल वृक्षों से युक्त अशोकवनिका दिखी – अरे! इसमें तो मैंने ढूँढ़ा ही नहीं!

अशोकवनिका चापि महतीयं महाद्रुमा
इमामभिगमिष्यामि न हीयं विचिता मया

GREATER COUCAL CROW PHEASANT SOUTHERN COUCAL महोख डुगडुगी, चित्र सर्वाधिकार: आजाद सिंह, © Ajad Singh, सरयू नदी के पास, माझा, अयोध्या, फैज़ाबाद, उत्तर प्रदेश, May 07, 2017

GREATER COUCAL CROW PHEASANT SOUTHERN COUCAL महोख डुगडुगी

GREATER COUCAL महोख या डुगडुगी। महोख कौवे जैसा एक बड़ा पक्षी है तथा कोयल परिवार का होते हुए भी परजीवी नहीं। यह लाल और भूरे परों वाली चिड़िया है।     हिंदी नाम:  महोख, महोक, कूक, कूका, डुगडुगी, भारद्वाज/नपिता (मराठी), कुक्कुभ(संस्कृत) वैज्ञानिक नाम: Centropus Sinensis Kingdom – Animalia Phylum – Chordata Class – Aves Order –…

आदिकाव्य रामायण से – 20 : सुंदरकाण्ड, [न हि मे परदाराणां दृष्टिर्विषयवर्तिनी]

आदिकाव्य रामायण – 19 से आगे …  आगे बढ़ते हनुमान जी को पानभूमि में क्लांत स्त्रियाँ दिखीं, कोई नृत्य से, कोई क्रीड़ा से, कोई गायन से ही क्लांत दिख रही थी। मद्यपान के प्रभाव में मुरज, मृदङ्ग आदि वाद्य यंत्रों का आश्रय ले चोली कसे पड़ी हुई थीं – चेलिकासु च संस्थिता:। रूप कैसे सँवारा…

आदिकाव्य रामायण से – 19 : सुंदरकाण्ड, [चुचुम्ब पुच्छं ननन्द चिक्रीड जगौ जगाम]

आदिकाव्य रामायण – 18 से आगे …  रावण वैसा ही लग रहा था जैसे स्वच्छ स्थान पर ऊड़द का ढेर पड़ा हो, जैसे गङ्गा की धारा में कुञ्जर अर्थात हाथी सोया हो, माष राशिप्रतीकाशम् नि:श्वसन्तम् भुजङ्गवत्। गाङ्गे महति तोयान्ते प्रसुप्तमिव कुञ्जरम्॥  चहुँओर जलते स्वर्णदीपकों से रावण के सर्वाङ्ग वैसे ही प्रकाशित थे जैसे बिजलियों से…