नगरीकरण एवं भारत का विकास : जन-कुपोषण एवं खटमल विकास
हम, भारत के लोग, विश्व की कुल कुपोषित जनसंख्या का एक चौथाई अपने में समोये हुये हैं। कुपोषण ग्रामीण, नागर, धनी, निर्धन, मध्यवर्ग इत्यादि सब की वास्तविकता है। खाद्यान्न वितरण के विशाल सरकारी तंत्र पर हमारे सकल घरेलू उत्पादन का एक प्रतिशत व्यय होता है जो कि बहुत बड़ी राशि है तब भी हमारे गोदामों…
Plum-Headed Parakeet, टोइंया सुग्गा, टुई, तोता
Plum-Headed Parakeet, टोइंया सुग्गा, टुई। जैव विविधता की कड़ी में आजाद सिंह का आज का लेख भारत में पाए जाने वाले इस तोते पर। Plum-Headed Parakeet (Male), टोइंया सुग्गा (नर), चित्र सर्वाधिकार: आजाद सिंह, © Ajad Singh, सरयू नदी के पास गुप्तार घाट, फैज़ाबाद, उत्तर प्रदेश, May 28, 2017 हिंदी नाम: टोइंया सुग्गा, टुई (…
प्रतिभूति (शेयर) बाजार में व्यापार (ट्रेडिंग) share market trading
बाजार के एक मित्र से बात हो रही थी कि कई लोग शेयर बाजार को गाली देते हैं और कहते हैं कि यह बाजार सही नहीं है, न निवेश के लिये, न ही कमाने के लिये और शेयर बाजार केवल जुआ या सट्टाबाजार जैसा ही है, और इससे अधिक कुछ और नहीं। सही बताऊँ तो…
मध्यमान प्रत्यावर्तन (reversion to mean) सिद्धान्त : सनातन बोध – 14
सनातन बोध : प्रसंस्करण, नये एवं अनुकृत सिद्धांत – 1 , 2, 3, 4 , 5 , 6, 7, 8, 9 , 10, 11,12, 13 से आगे मध्यमान प्रत्यावर्तन (reversion to mean), सांख्यिकी, मनोविज्ञान और व्यावहारिक अर्थशास्त्र का एक सहज परन्तु महत्त्वपूर्ण सिद्धांत है। चार्ल्स डार्विन के चचेरे भाई फ़्रैन्सिस गॉल्टॉन को इसके प्रतिपादन का श्रेय दिया जाता…
आदिकाव्य रामायण से – 19 : सुंदरकाण्ड, [चुचुम्ब पुच्छं ननन्द चिक्रीड जगौ जगाम]
आदिकाव्य रामायण – 18 से आगे … रावण वैसा ही लग रहा था जैसे स्वच्छ स्थान पर ऊड़द का ढेर पड़ा हो, जैसे गङ्गा की धारा में कुञ्जर अर्थात हाथी सोया हो, माष राशिप्रतीकाशम् नि:श्वसन्तम् भुजङ्गवत्। गाङ्गे महति तोयान्ते प्रसुप्तमिव कुञ्जरम्॥ चहुँओर जलते स्वर्णदीपकों से रावण के सर्वाङ्ग वैसे ही प्रकाशित थे जैसे बिजलियों से…
